वॉशिंगटन। अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव के लिए मतगणना जारी है और बहुमत किसी भी पार्टी को मिलता नहीं दिख रहा है। डेमोक्रेटिक पार्टी के डोनाल्ड ट्रंप और रिपब्लिकन पार्टी के जो बाइडेन दोनों ने कानूनी प्रक्रिया का इस्तेमाल करने की रणनीति अपनाने का फैसला किया है। अब अमेरिका में राष्ट्रपति पद का फैसला कोर्ट ही तय करेगी।
जानकारी के अनुसार, अब तक बाइडेन को 227 और ट्रम्प को 213 इलेक्टोरल वोट मिल चुके हैं। जीत के लिए 270 वोट चाहिए। अमेरिका में 10 करोड़ लोगों ने बैलट से प्री-वोटिंग की थी। इनमें से बहुत सारे बैलट की मतगणना अभी भी बाकी है। ऐसे में किसी नतीजे पर नहीं पहुंचा जा सकता है। ट्रम्प ने बीती रात में जीत का झूठा ऐलान करके मामले को और भी बढ़ा दिया। उन्होंने कहा था कि चूंकि हम जीत गए हैं तो बची हुई सारी वोटिंग रुक जानी चाहिए। ट्रंप ने सुप्रीम कोर्ट जाने की बात कही है। वहीं, बाइडेन ने अब तक किसी तरह का दावा नहीं किया है। लेकिन, उनकी लीगल टीम कानूनी प्रक्रिया पर काम कर रही है। इस बीच, खबर यह भी है कि ट्रंप का दोबारा राष्ट्रपति बनना लगभग तय है।
ट्रम्प 29 इलेक्टर्स वाले सबसे महत्वपूर्ण स्टेट फ्लोरिडा में जीत बरकरार रखने में कामयाब रहे। 100 साल के इतिहास में देखा गया है कि फ्लोरिडा में जीत ही व्हाइट हाउस का रास्ता तय करती है। दूसरी ओर, एरिजोना में रिपब्लिकन पार्टी ने 72 साल बाद जीत दर्ज की है। एरिजोना में इस उलटफेर की बड़ी वजह लैटिन लोग बताए जा रहे हैं। ट्रम्प इनको घुसपैठिया बताते आए हैं। वहीं, बाइडेन ने इनका समर्थन किया।  
भारतीय मूल के डेमोक्रेटिक सांसद राजा कृष्णमूर्ति लगातार तीसरी बार अमेरिकी कांग्रेस के निम्न सदन हाउस ऑफ रिप्रजेंटेटिव के लिए चुन लिए गए हैं। नई दिल्ली में जन्मे 47 वर्षीय कृष्णमूर्ति ने आसानी से लिबरटेरियन पार्टी उम्मीदवार प्रेस्टन नेल्सन को हरा दिया। उन्हें करीब 71 प्रतिशत मत मिल चुके हैं। भारतीय फिल्म मेकर मीरा नायर के बेटे जोहरान ममदानी ने न्यूयॉर्क स्टेट असेम्बली में सीट जीती है। जोहरान को न्यूयॉर्क के 36वें असेम्बली जिले एस्टोरिया (क्वींस का पड़ोसी) के लिए बिना विरोध चुन लिया गया। जोहरानी ने लिखा कि ये ऑफिशियल है कि हम जीत गए हैं। बाइडेन के गृह राज्य डेलावेयर से सारा मैक्ब्रिड स्टेट सीनेटर का चुनाव जीत चुकी हैं। वे अमेरिकी इतिहास की पहली ट्रांसजेंडर हैं, जो स्टेट सीनेटर चुनी गई है।
अमेरिका की आंतरिक सुरक्षा संभालने वाले यूएस नेशनल गार्ड को अलर्ट मोड पर रहने को कहा गया है। 18 राज्यों में चुनावी हिंसा या झड़पों की आशंका जताई गई है। करीब 4700 गाड्र्स को तैनात किया जा सकता है। सायबर डिफेंस एजेंसी को भी मॉनिटरिंग करने को कहा गया है। मिलिट्री टाइम्स ने इस बारे में एक रिपोर्ट जारी की है। दूसरी ओर, अमेरिकी बाजारों में मंगलवार को तेजी देखी गई है।